आपको बतादें कि बीईओ म्योरपुर ने 14 फरवरी को कम्पोजिट विद्यालय बीजपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान सहायक अध्यापक मनोज कुमार दुबे आकस्मिक अवकाश पर एवं विद्यालय में कार्यरत अन्य समस्त शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक उपस्थित पाए गए। छात्र-छात्राओं की शैक्षिक गुणवत्ता अधिगम स्तर संतोषजनक नहीं पाया गया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय के अन्य कार्मिकों, उपस्थित कतिपय अभिभावकों ने अवगत कराया गया कि विद्यालय में कार्यरत नारायण दास गुप्ता, मनोज कुमार दुबे सहायक अध्यापक विद्यालय में गुटबाजी करते हुए आपस में विवाद गाली-गलौज किया करते हैं। जिसके कारण बच्चों के शिक्षण कार्य में व्यवधान उत्पन्न होता है। इनके इस कृत्य से विद्यालय में नकारात्मक वातारण प्रदर्शित हो रहा है। साथ ही अनुशासनहीनता का माहौल व्याप्त है। मध्यान्ह भोजन योजना सहित अन्य विभागीय कार्यों के सम्पादन में अवरोध उत्पन्न हो रहा है। 25 फरवरी को विद्यालय में कार्यरत शिक्षामित्र रविन्द्र नाथ श्रीवास्तव ने दूरभाष पर अवगत कराया कि विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के लिए मध्यान्ह भोजन नहीं बन रहा है। इसकी सूचना लोगों ने ग्राम प्रधान को दिया। जिसके बाद प्रधान की तरफ से मध्यान्ह भोजन बनवाया जा रहा है। ग्राम प्रधान ने इस बात का आश्वासन दिया गया कि भविष्य में भी उनके द्वारा विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के लिए मध्यान्ह भोजन बनवाया जायेगा। साथ ही यह भी अवगत कराया कि विद्यालय में कार्यरत देव नारायण, नारायण दास गुप्ता, मनोज कुमार दुबे स.अ. एवं विमलेश कुमार यादव अनुदेशक के एक ही विद्यालय पर बने रहने से भविष्य में भी बार-बार इस प्रकार की पुनरावृत्ति होने की सम्भावना है। बीएसए मुकुल आनंद पांडेय ने बताया कि बीईओ की तरफ से उपलब्ध कराई गई आख्या के बाद देव नारायण, नारायण दास गुप्ता, मनोज कुमार दुबे सहायक अध्यापक एवं विमलेश कुमार यादव अनुदेशक को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी करते हुए वार्षिक वेतन अवरूद्ध कर शिक्षक विहीन अलग-अलग विद्यालयों के संचालन के लिए ड्यूटी लगाने का निर्देश दिया गया है।