Sonbhadra News : कोटेदारों के लाभांश वृद्धि के घोषित कार्यक्रम में भी अघोषित बिजली कटौती, मुख्यमंत्री का सम्बोधन प्रभावित
अघोषित बिजली कटौती

AI जनरेटेड बैनर ----
sonbhadra
7:26 PM, August 17, 2026
घोषित कार्यक्रम में भी अघोषित बिजली कटौती, मुख्यमंत्री का सम्बोधन प्रभावित
-कोटेदारों के सम्बोधन का चल रहा था लाइव प्रसारण फिर भी काट दी बिजली
दुद्धी (सोनभद्र)। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं और महत्वपूर्ण घोषणाओं के प्रचार-प्रसार को लेकर स्थानीय प्रशासन चाहे जितने दावे करे, लेकिन बिजली विभाग की लापरवाही इन दावों की हवा निकालने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। ऐसा ही एक ताजा मामला दुद्धी तहसील मुख्यालय स्थित सभागार से सोमवार को सामने आया है, जहां पहले से घोषित और निर्धारित कार्यक्रम के दौरान भी विभाग ने अघोषित बिजली कटौती कर दी। इसके चलते देश व प्रदेश स्तर पर जुड़े कोटेदारों के बीच चल रहा मुख्यमंत्री का लाइव संबोधन बीच में ही बाधित हो गया, जिससे कार्यक्रम में मौजूद कोटेदारों और अधिकारियों को भारी फजीहत का सामना करना पड़ा।
सीधा प्रसारण के दौरान गुल हुई बत्ती-
जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा प्रदेश के राशन कोटेदारों (उचित दर विक्रेताओं) के लाभांश में की गई ऐतिहासिक वृद्धि और अन्नपूर्णा भवनों के संबंध में एक विशेष लाइव संबोधन कार्यक्रम आयोजित था। इसी क्रम में सोमवार को दुद्धी तहसील सभागार में स्थानीय प्रशासन द्वारा क्षेत्र के समस्त कोटेदारों की एक आवश्यक बैठक बुलाई गई थी, ताकि वे मुख्यमंत्री के इस संबोधन को सीधे सुन सकें। सभागार में बड़ी संख्या में राशन डीलर और संबंधित विभाग के अधिकारी मौजूद थे। सभी ध्यानपूर्वक मुख्यमंत्री का वक्तव्य सुन रहे थे कि तभी अचानक अघोषित बिजली कटौती हो गई।लगभग एक घंटे के कार्यक्रम के दौरान करीब तीन बार बिजली कटी और फिर आयी।
अंधेरे और उमस में बैठे रहे जिम्मेदार-
बिजली कटते ही सभागार में लगी बड़ी स्क्रीन बंद हो गई और सीधा प्रसारण पूरी तरह रुक गया। इसके साथ ही सभागार में लगे पंखे और एयर कंडीशनर भी बंद हो गए, जिससे उमस भरी गर्मी में वहां मौजूद भाजपा पदाधिकारी व प्रशासनिक अधिकारी बेहाल हो गए। बिजली बाधित होने के कारण मुख्यमंत्री की मुख्य घोषणाओं का सीधा प्रसारण कोटेदार पूरा नहीं सुन सके, जिससे कार्यक्रम का मूल उद्देश्य ही खटाई में पड़ गया।
लापरवाही पर कोटेदारों में रोष-
इस अव्यवस्था को लेकर कार्यक्रम में आए राशन डीलरों ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि जब सरकार और जिला प्रशासन को पहले से पता था कि आज तहसील मुख्यालय पर मुख्यमंत्री का बेहद महत्वपूर्ण लाइव कार्यक्रम होना सुनिश्चित है, तो इसके बावजूद बिजली विभाग ने कटौती क्यों की? क्या ऐसे महत्वपूर्ण आयोजनों के लिए बिजली विभाग को पहले से अलर्ट नहीं किया गया था? कोटेदारों ने आरोप लगाया कि ग्रामीण क्षेत्रों की बात तो दूर, अब तहसील मुख्यालयों पर भी घोषित वीआईपी कार्यक्रमों के समय बिजली की कोई गारंटी नहीं रह गई है।इस अघोषित कटौती और विभागीय तालमेल की कमी को लेकर क्षेत्र के जागरूक नागरिकों और कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने बिजली विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
इस मौके पर कार्यक्रम के नोडल एसडीएम न्यायिक मोहम्मद जफर के अलावा सीओ विनय प्रभाकर साहनी, नायब तहसीलदार ज्ञानेंद्र कुमार एवं नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश मोहन, भाजपा नेता मनोज सिंह बबलू, मोनू सिंह, मनीष जायसवाल सहित कोटेदार गण मौजूद रहें।




