Sonbhadra News : हाइवे पर किनारे खड़े ट्रक दे रहे हादसों क़ो न्योता, जिम्मेदार बेपरवाह
जनपद में स्टेट हाईवे समेत अन्य स्थानों पर खड़े ट्रक हादसों की आशंका को बढ़ा रहे हैं। जिन्हें टोकने वाला कोई नहीं है। हाईवे व सड़क पर खड़े ट्रकों से वाहनों के टकराने के मामले आए दिन सामने आते रहते हैं..

उरमौरा में हाईवे के किनारे खड़े ट्रकों की कतार
sonbhadra
12:30 PM, December 9, 2024
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । जनपद में स्टेट हाईवे समेत अन्य स्थानों पर खड़े ट्रक हादसों की आशंका को बढ़ा रहे हैं। जिन्हें टोकने वाला कोई नहीं है। हाईवे व सड़क पर खड़े ट्रकों से वाहनों के टकराने के मामले आए दिन सामने आते रहते हैं। इसमें कइयों की मौत भी हो चुकी है, इसके बावजूद हालात नहीं बदल रहे हैं। कमोबेश हाईवे पर सड़क से सटकर ट्रक खड़े नजर आ रहे हैं। इस स्थिति में आने वाले दिनों में सर्दी बढ़ने व कोहरा छाने पर दुर्घटना का खतरा और भी बढ़ जाएगा। स्टेट हाईवे पर वाहन अपनी रफ्तार से दौड़ते हैं, ऐसे में अचानक कोई वाहन खड़ा होने पर गाड़ी के रफ्तार को नियंत्रित कर पाना मुश्किल हो जाता है। हाईवे एवं अन्य स्थानों पर पेट्रोल पंप, ढाबा आदि के बाहर सड़क से सटकर ट्रक, कंटेनर, डंपर आदि खड़े कर दिए जाते हैं। जो घंटों एक ही स्थान पर खड़े रहते हैं। यह वाहन हाईवे पर यातायात तो बाधित करते ही हैं, साथ ही इनसे हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
सिर्फ बाइकों के चलान तक सिमित है यातायात पुलिस -
दिसंबर का महीना शुरू हो चुका है और ठंड नए भी अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं ऐसे में आने वाले दिनों में धुंध और क़ोहरा पड़ने की प्रबल संभावना है। घने कोहरे में रास्ता साफ नहीं दिखाई देता है, दृश्यता कम होने से हादसे की आशंका भी बढ़ जाती है। हाईवे व अन्य सड़कों के किनारे खड़े होने वाले वाहन हादसे की बड़ी वजह बनते हैं। जिला मुखयालय पर ही कई बार सड़क पर खड़े वाहनों से टकराकर बड़े हादसे हो चुके हैं। सड़क किनारे खड़े वाहनों की वजह से कई बार लडाई-झगड़े की नौबत भी बन जाती है। इसके बाद भी यातायात पुलिस सड़क किनारे खड़े होने वाले वाहनों को लेकर गंभीर नहीं है। यातायात माह में भी पुलिस ने महज जुर्माने की औपचारिकता निभाई है।यातायात पुलिस के जवान दिन में नगरों के चौक, चौराहों व तिराहों पर पर मोबाइल से फोटो खिंच कर वह तो नगरों में बाइकों की फोटो खिंच कर चालान करने में मस्त है।
नहीं चेते जिम्मेदार तो हो सकता है बड़ा हादसा -
जिला मुख्यालय के मारकुंडी से और सुकृत के बीच लगभग 30 किलोमीटर की दूरी में विभिन्न स्थान पर ट्रकों का कतार देखने को मिल जा रही है। रोड के किनारे कतार में खड़े वाहन हर वक्त हादसे को दावत देते हैं। वाराणसी-शक्तिनगर राजमार्ग वैसे भी किलर रोड के नाम से कुख्यात है। कई स्थान दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र में आता है, इसके बाद भी वाहन चालक दुर्घटना बाहुल्य स्थानों को नजर अंदाज करके वाहन को खड़ा कर देते हैं। यहीं हाल अन्य जिला मार्ग का भी बना हुआ है। सर्दी में कोहरा छाने पर सड़क से सटकर खड़े वाहनों से दुर्घटना का खतरा बढ़ जाएगा। जिम्मेदार अगर समय से पहले नहीं चेते तो कोहरे के बीच में बड़ा हादसा होेने की संभावना प्रबल है।




