Sonbhadra News : ₹43 लाख की गांजे की खेप के साथ तीन अन्तर्राज्यीय तस्कर गिरफ्तार, उड़ीसा से वाराणसी ले जा रहे थे खेप
मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन शुद्धि' के तहत रॉबर्ट्सगंज पुलिस और एसओजी/सर्विलांस टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय गांजा तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। संयुक्त......

ऑपरेशन शुद्धि के तहत गिरफ्तार तस्कर और मामले का खुलसा करते एएसपी ऋषभ रुणवाल और सीओ सिटी रणधीर मिश्रा.....
sonbhadra
4:50 PM, August 21, 2026
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
• उड़ीसा से वाराणसी जा रही थी 86 किग्रा गांजे की खेप
• ₹12 लाख की बिना नंबर कार भी जब्त
सोनभद्र । मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन शुद्धि' के तहत रॉबर्ट्सगंज पुलिस और एसओजी/सर्विलांस टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय गांजा तस्करी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। संयुक्त टीम ने लोढ़ी टोल प्लाजा के पास घेराबंदी कर तीन शातिर तस्करों को गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से उड़ीसा से वाराणसी ले जाया जा रहा 86 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद हुआ, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 43 लाख रुपये बताई गई है। तस्करी में प्रयुक्त करीब 12 लाख रुपये कीमत की बिना नंबर प्लेट की कार, तीन एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 680 रुपये नकद भी बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार बरामदगी की कुल अनुमानित कीमत करीब 55 लाख रुपये है।
पुलिस लाइन सभागार में मामले का खुलासा करते हुए अपर पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन) ऋषभ रुणवाल ने बताया कि पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देशन में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में थाना रॉबर्ट्सगंज पुलिस, लोढ़ी व चुर्क चौकी तथा एसओजी/सर्विलांस टीम को यह सफलता मिली।
पुलिस को देखते ही कार मोड़कर भागने लगे तस्कर -
गुरुवार की शाम को संयुक्त टीम लोढ़ी टोल प्लाजा से पहले ईको प्वाइंट के पास संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि काले रंग की बिना नंबर प्लेट वाली किआ कार से तीन लोग उड़ीसा से गांजे की बड़ी खेप लेकर वाराणसी की ओर जा रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी तेज कर दी। कुछ देर बाद ईको प्वाइंट की ओर से आती संदिग्ध कार को मुखबिर ने पहचान लिया। पुलिस टीम को देखते ही कार सवारों ने वाहन मोड़कर भागने का प्रयास किया, लेकिन पहले से मुस्तैद पुलिसकर्मियों ने घेराबंदी कर बिहार के भोजपुर निवासी राजकुमार पासवान (35वर्ष) पुत्र स्व. पंचानन्द पासवान, विकास कुमार राय (24वर्ष) पुत्र सत्येन्द्र राय, विनोद साव (35वर्ष) पुत्र मन्नू साव को दबोच लिया।
डिग्गी और सीट के पास मिले 35 बंडल -
तलाशी के दौरान कार की डिग्गी और सीट के पास खाकी रंग के टेप से लिपटे 35 बंडल मिले। इलेक्ट्रॉनिक तराजू से तौलने पर इनमें कुल 86 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। गांजे को चार प्लास्टिक की बोरियों में सील कर कब्जे में लिया गया। इसके अलावा तीन एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 680 रुपये नकद भी मिले। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल बिना नंबर प्लेट की किआ कार को भी कब्जे में ले लिया। बरामदगी और गिरफ्तारी के आधार पर थाना रॉबर्ट्सगंज में धारा 8/20/27A/29/60 एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्यवाही की जा रही है।
आरा से ऑपरेट हो रहा था तस्करी का नेटवर्क -
अपर पुलिस अधीक्षक ऋषभ रुणवाल ने बताया कि पूछताछ में पुलिस के सामने अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आए हैं। गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि वे फुलवानी, उड़ीसा से गांजा लेकर वाराणसी पहुंचाने जा रहे थे। गांजा मंगाने के लिए भोजपुर (आरा), बिहार निवासी एक व्यक्ति द्वारा धन और वाहन की व्यवस्था किए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस के मुताबिक खेप पहुंचाने के बदले कार चालक राजकुमार पासवान को करीब 30 हजार, विकास कुमार राय को 25 हजार और विनोद साव को करीब 15 हजार रुपये दिए जाने तय थे। रास्ते के अन्य खर्चों और वाहन की लोकेशन की जानकारी भी नेटवर्क से जुड़े व्यक्ति द्वारा उपलब्ध कराई जाती थी। गांजा खरीदने के लिए ऑनलाइन माध्यम से रकम भेजे जाने की जानकारी भी पूछताछ में सामने आई है।
एएसपी ऑपरेशन ऋषभ रुणवाल ने बताया कि मोबाइल फोन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस का फोकस अब इस नेटवर्क के उन लोगों तक पहुंचने पर है, जो गांजे की खरीद, रकम और परिवहन की पूरी व्यवस्था संभाल रहे थे।
अभियुक्तों की गिरफ्तारी में ये पुलिसकर्मी रहे शामिल -
तस्करों की गिरफ्तारी में प्रभारी निरीक्षक रामस्वरूप वर्मा, एसओजी/सर्विलांस प्रभारी निरीक्षक नागेश सिंह, चौकी प्रभारी लोढ़ी उमाशंकर यादव, चौकी प्रभारी चुर्क धर्मनारायण भार्गव समेत थाना रॉबर्ट्सगंज और एसओजी/सर्विलांस टीम के पुलिसकर्मी शामिल रहे।




