बैठक के दौरान जिलाधिकारी बद्रीनाथ सिंह ने निर्देशित किया कि "जिन भी कंपनियों में 20 से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं, वे अपने समस्त कर्मचारियों का पंजीकरण नियोक्ता अनिवार्य रूप से कराएं। उन्होंने कहा कि यह योजना श्रमिकों के भविष्य को सुरक्षित करने वाली अत्यंत महत्वपूर्ण पहल है, जिसका संचालन कर्मचारी भविष्य निधि संगठन, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि विभिन्न एजेंसियों के माध्यम से कार्यरत श्रमिकों का भी शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित कराया जाए, ताकि कोई भी पात्र कर्मचारी योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जनपद में संचालित ऐसी सभी कंपनियों की सूची तैयार की जाए, जहां 20 से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं, लेकिन अब तक उनका पंजीकरण नहीं कराया गया है। ऐसी कंपनियों को तत्काल नोटिस जारी कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।"