इस दौरान जिला बाल संरक्षण इकाई सोनभद्र से ओ आर डब्ल्यू शेषमणि दुबे द्वारा बताया गया कि बाल भिक्षावृत्ति, बाल श्रम, मानव तस्करी के रोकथाम हेतु विशेष जागरूकता एवं रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है साथ ही ब्लाक बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति व ग्राम बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति के समन्वय से येसे नाबालिग बच्चों का डाटा/विवरण तैयार कराया जा रहा है जो बाल भिक्षावृत्ति, बाल श्रम, बाल तस्करी या बंधुआ मजदूरी मे संलिप्त है या बनाये गये है जिसके सम्बन्ध में नियमानुसार विधिक कार्यवाही करते हुए नबालिग बच्चों का परिवार में पुर्नवासन कराया जा सके साथ ही सरकार द्वारा चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ा जा सके। केन्द्र प्रशासक दीपिका सिंह द्वारा बताया गया कि महिलाओं एवं बच्चों के सुरक्षा एवं संरक्षण से सम्बंधित सूचना तत्काल चाइल्ड लाईन टोल फ्री नम्बर (1098) या महिला हेल्फलाईन टोल फ्री नम्बर 181, 112 सूचित कर सकते है। प्रभारी निरीक्षक रामजी यादव द्वारा मौकेपर उपस्थित लोगो से भिक्षावृत्ति की रोकथाम हेतु जन-जागरूकता पैदा करना तथा जन सामान्य को भीख देने से रोकने हम सबकी जिम्मेदारी है!