Sonbhadra News : पेपर लीक सहित स्थानीय बदहाल शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ भाकपा का प्रदर्शन
परीक्षाओं में लगातार हो रहे पेपर लीक तथा स्थानीय शिक्षा व्यवस्था की बदहाली के खिलाफ भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय बभनी पर प्रदर्शन किया।

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7:56 PM, July 20, 2026
राजेश कुमार (संवाददाता)
० विध्यालय के तीन साल से ध्वस्त भवन और आंगनबाड़ी केंद्र के पुनर्निर्माण की उठी आवाज
बभनी (सोनभद्र) । परीक्षाओं में लगातार हो रहे पेपर लीक तथा स्थानीय शिक्षा व्यवस्था की बदहाली के खिलाफ भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय बभनी पर प्रदर्शन किया।
भाकपा नेताओं ने कहा कि शिक्षा के बाजारीकरण और पेपर लीक ने देश के करोड़ों छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर पेपर लीक और शिक्षा के बाजारीकरण के खिलाफ चल रहे आंदोलन को भाकपा पूर्ण समर्थन देती है। वक्ताओं ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं से मेहनत करने वाले छात्रों का विश्वास टूट रहा है और सरकार को इस गंभीर समस्या के खिलाफ कठोर कदम उठाना चाहिए।
इसी क्रम में बभनी क्षेत्र की बदहाल शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेतृत्व में बीआरसी कार्यालय बभनी के समक्ष धरना प्रदर्शन किया गया। ग्राम पंचायत बरवा टोला (क) के टोला सालेनाग में लगभग तीन वर्ष पूर्व ध्वस्त कराए गए प्राथमिक विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केंद्र का अब तक पुनर्निर्माण नहीं होने तथा विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन में लापरवाही के खिलाफ प्रदर्शनकारियों ने जोरदार आवाज उठाई।
धरना प्रदर्शन की अध्यक्षता धनुक प्रसाद ने की तथा संचालन देव कुमार विश्वकर्मा ने किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य एवं जिला सचिव कामरेड आर.के. शर्मा रहे। उनके साथ जिला सहायक सचिव कामरेड बसवन्ना गुप्ता भी मौजूद रहे।
भाकपा नेताओं ने कहा कि सरकार बाल वाटिका और आंगनबाड़ी के माध्यम से बच्चों को प्रारंभिक शिक्षा से जोड़ने की बात करती है, लेकिन बभनी क्षेत्र में कई स्थानों पर बाल वाटिका और आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन कागजों तक सीमित दिखाई दे रहा है।
धरना प्रदर्शन में विद्यालयों में शिक्षकों की शत-प्रतिशत उपस्थिति, विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों का समय से नियमित संचालन तथा मध्यान्ह भोजन योजना के अंतर्गत बच्चों को नियमित फल एवं दूध वितरण सुनिश्चित कराने की मांग की गई।
वक्ताओं ने कहा कि क्षेत्र के विद्यालयों से पासआउट होने वाले अनेक छात्र गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के अभाव में आगे की पढ़ाई छोड़कर रोजगार की तलाश में महानगरों की ओर पलायन करने को मजबूर हैं। विद्यालयवार शिक्षा की गुणवत्ता की प्रभावी जांच कर बच्चों को आगे की शिक्षा के लिए प्रेरित करने की ठोस व्यवस्था की जानी चाहिए।
धरना प्रदर्शन के माध्यम से सालेनाग के ध्वस्त प्राथमिक विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केंद्र का तत्काल पुनर्निर्माण, निर्माण की समयबद्ध कार्ययोजना जारी करने, बभनी क्षेत्र में राजकीय कन्या महाविद्यालय की स्थापना तथा ग्राम पंचायत संवरा में वर्ष 2022 से निर्माणाधीन मिनी आंगनबाड़ी केंद्र को तत्काल पूर्ण कराने की मांग की गई। साथ ही निर्माण में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदार के विरुद्ध विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की मांग भी उठाई गई।
कार्यक्रम में अकबर गोंड, द्वारिका प्रसाद, चंद्रवंशी, अमरनाथ, सूर्य, सालेनाग गांव से जगन्नाथ, बाबूलाल खरवार, हरि प्रसाद, राजाराम, रामविचार, राजन, सुमन देवी, फुलबासिया, सुंदरी देवी, भगमानिया, ऋतु, फूलमती देवी, सुमन देवी, राजकुमारी, कुमारी सुनीता सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।




