Sonbhadra News : कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर आदिवासियों ने लगाया वन दरोगा और वाचर पर रिश्वत मांगने का आरोप
जिले के दुद्धी तहसील क्षेत्र के गौरसिंहा गांव के आधा दर्जन गरीब आदिवासी ग्रामीणों ने आज कलेक्ट्रेट पहुंच वन विभाग पर अपनी पुश्तैनी पट्टे की राजस्व भूमि पर खेती करने से रोकने और परेशान नहीं करने के....

वन विभाग के खिलाफ कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन करते ग्रामीण......
sonbhadra
6:43 PM, March 20, 2026
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । जिले के दुद्धी तहसील क्षेत्र के गौरसिंहा गांव के आधा दर्जन गरीब आदिवासी ग्रामीणों ने आज कलेक्ट्रेट पहुंच वन विभाग पर अपनी पुश्तैनी पट्टे की राजस्व भूमि पर खेती करने से रोकने और परेशान नहीं करने के एवज में वाचर द्वारा 50 हजार रुपए रिश्वत मांगने का भी आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप न्याय की गुहार लगाते हुए अपनी पुश्तैनी जमीन पर खेती करने की अनुमति देने का अनुरोध किया है।
इस दौरान ग्रामीणों गौरसिंहा गांव निवासी लुकावन, दिलबसिया देवी, बिसनी, सन्तोष, मानसिंह, धनपत, लल्लन आदि ने बताया कि "यह जमीन पुस्तैनी भूमिधरी संक्रमणीय भूमि है, जिस पर वह बाप-दादा के समय से खेती कर रहे हैं और अपने परिवार का भरण-पोषण करते आ रहे हैं लेकिन अब वन विभाग के अधिकारी कर्मचारी उनकी उक्त आराजी को वन विभाग की भूमि कहकर उन्हें जोत-कोड करने से मना कर दिया और उनकी आराजी पर सुरक्षा खाई भी खोदवा रहे हैं। बीते 16 मार्च को रेंजर सरिता भारती, वन दरोगा लवलेश सिंह, वन रक्षक, वाचर रामप्रसाद यादव, रामकेश व देवमूरत साव आदि उनकी जमीन में सुरक्षा खाई खोदवाकर वृक्षारोपण किये जाने के लिए जेसीबी मशीन से कार्य करवा रहे हैं। ई पर जब उन्होंने मौके पर जाकर मना किया तो मौके पर मौजूद वन विभाग के अधिकारियों ने उन्हें वहां से भगाते हुए फर्जी मुकदमा में फंसाने की धमकी देने लगे। ग्रामीणों ने जमीन छोड़ने के बदले वन दरोगा लवलेश सिंह, वाचन देवमूरत व रामप्रसाद पर ₹50,000/- रिश्वत मांगने का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से न्याय की गुहार लगाते हुए कहा कि वह सभी निहायत गरीब व्यक्ति है, उनके पास रिश्वत की माँग पूरी करने में असमर्थ है। उन्होंने जिलाधिकारी से मामले हस्तक्षेप कर उनकी पुश्तैनी जमीन पर खेती करने की अनुमति देने का अनुरोध किया है।"



