Sonbhadra News : किसानों द्वारा विधायक के विरोध के बाद डैमेज कंट्रोल के लिए आगे आया प्रशासन, पत्र जारी कर स्थिति किया स्पष्ट
मधुपुर इलाके के लोहरा, तकिया व बट गांव की जमीन अधिग्रहण कर आद्योगिक गालियर विकसित करने की खबर के बाद क्षेत्र के किसान लगातार इसका विरोध कर रहे थे ।

फाइल फोटो
sonbhadra
3:02 PM, April 7, 2026
शांतनु कुमार/जयनाथ मौर्या
सोनभद्र । मधुपुर इलाके के लोहरा, तकिया व बट गांव की जमीन अधिग्रहण कर आद्योगिक गालियर विकसित करने की खबर के बाद क्षेत्र के किसान लगातार इसका विरोध कर रहे थे । किसानों के विरोध को देखते हुए सोमवार को क्षेत्रीय विधायक अनिल मौर्या मधुपुर किसानों के बीच वार्ता के लिए पहुंचे । जहाँ उन्हें भारी विरोध का सामना करना पड़ा । लोगों ने उनसे यहाँ तक पूछ लिया कि आखिर इतने दिनों तक कहाँ थे। किसान संगठन ने उनके सामने मांग रखी थी कि वे प्रशासन से बात करे। जिस पर विधायक ने आश्वासन देते हुए कहा था कि वे किसानों के एक प्रतिनिधि के साथ मिलकर डीएम के पास चलेंगे और सामने बैठकर वार्ता होगी। मामला तल्ख देखकर विधायक अनिल मौर्या वहाँ से चल दिये। कल के विरोध के बाद यह माना जा रहा था कि विधायक इस मामले में हस्तक्षेप जरूर करेंगे क्योंकि विधानसभा चुनाव सामने है और वह किसानों के मुद्दे को लेकर अपनी छवि खराब नहीं करना चाहते। वहीं मंगलवार को जिलाधिकारी ने एक पत्र जारी कर या साफ कर दिया कि उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण लखनऊ के पत्र संख्या 5864/ यूपीडा/3730/आई एम एस सी/भू-अर्जन दिनांक 09 जनवरी 2026 के कम में एक्सप्रेसव/लिंक एक्सप्रेवे के समीप जनपदों में औद्योगिक गलियारा विकसित करने हेतु लगभग 1 हजार हे० भूमि मांगी गयी थी। जिसके क्रम में उप जिलाधिकारी रावर्ट्सगंज के पत्र संख्या 483/सात-रा०नि० (कार्या०कार्य) /ए०औ०वि० प्रा०भू० सू०/2026 दिनांक 30 मार्च 2026 द्वारा अवगत कराया गया है कि तहसील रावर्ट्सगंजन जनपद सोनभद्र परिक्षेत्रान्तर्गत यह एक्सप्रेसवे/लिंक एक्सप्रेवे के समीप औद्योगिक गलियारा विकसित करने हेतु लगभग 1000 हे० भूमि ग्राम लोहरा परगना अहरौरा तहसील रावर्ट्सगंज से लगभग 600 हेक्टेयर भूमि व ग्राम बट परगना अहरौरा से लगभग 250 हे० भूमि व ग्राम तकिया मु०दरगाह परगना अहरौरा से लगभग 150 हे० भूमि कुल 1000 हे० भूमि चिन्हित किया गया है । जिसमें लगभग 25 प्रतिशत से अधिक भूमि आबादी से आच्छादित है। कहीं-कहीं व्यवसायिक प्रयोजन में भूमि का प्रयोजन किया जा रहा है । उक्त 3 ग्रामों की भूमि कृषकों की सहमति की दशा में अधिग्रहीत करते हुये औद्योगिक गलियारा विकसित किया जा सकता है।
जिलाधिकारी ने बताया कि उप जिलाधिकारी रावर्ट्सगंज की आख्या के अवलोकन से स्पष्ट है चिन्हित की गयी भूमि कृषिक, आबादी एवं व्यवसायिक प्रयोजन के उपयोग में लायी जाने वाली है।
लेकिन कल किसानों द्वारा विधायक के विरोध के बाद जिलाधिकारी द्वारा जारी यह पत्र यह माना जा रहा है कि विधायक ने प्रशासन को स्थिति स्पष्ट करने के लिए कहा होगा जिसके बाद जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी के सर्वे को निरस्त करते हुए एक सप्ताह के भीतर दोबारा सर्वे रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया है।
जिलाधिकारी ने आदेश पत्र में लिखा है कि आद्योगिक गलियारा विकसित करने हेतु ऐसी भूमि का चयन किया जाय जिसपर कृषकों द्वारा कृषिक कार्य न किया जाता हो, अबादी से आच्छादित्त न हो, ऐसी भूमि को प्राथमिकता दी जाय जिसमें कम से कम किसान प्रभावित हों, भूमि असिंचित एवं कम उत्पादक हो।



