अभियोजन पक्ष के मुताबिक प्रभारी निरीक्षक शफीक अहमद खान ने रॉबर्ट्सगंज थाने में दी तहरीर में अवगत कराया था कि 23 सितंबर 2009 को पुलिस बल के साथ देखभाल क्षेत्र में था तो पता चला कि किसान चौहान निवासी गौरही, थाना रॉबर्ट्सगंज, जिला सोनभद्र का एक सक्रिय गैंग है, जिसका वह गैंग लीडर है। इसके अलावा गैंग के सक्रिय सदस्य सुखराम , श्यामलाल, घूरे व संजय पटेल शामिल हैं। इनके विरुद्ध चोरी, वन अधिनियम, खनिज एवं खान अधिनियम समेत कई मुकदमा विचाराधीन है। लोगों में भय पैदा कर आर्थिक लाभ हेतु कार्य करना इनका एकमात्र कार्य है। यहीं वजह है कि इनके विरुद्ध कोई भी मुकदमा लिखवाने अथवा गवाही देने की जुर्रत नहीं करता है। जिसकी वजह से इनका वर्चस्व कायम है। इस तहरीर पर 23 सितंबर 2009 को रॉबर्ट्सगंज थाने में गैंगस्टर एक्ट में एफआईआर दर्ज किया गया था। विवेचना के उपरांत पर्याप्त सबूत मिलने पर विवेचक ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल किया था।