Shahjahanpur news :धनतेरस पर सोने-चांदी की चमक में छिपा धोखे का खेल! खरीदारी से पहले रहें सावधान
त्योहार की चमक-दमक और दुकानों की भव्य सजावट देखकर कहीं अपनी गाढ़ी कमाई दांव पर न लगा दें।

shahjahanpur
4:45 PM, November 3, 2026
राहुल शुक्ला ब्यूरो
- चमक-दमक और भारी-भरकम सजावट वाली दुकानों के दावों पर भी न करें आंख मूंदकर भरोसा
- खुटार की सर्राफा मार्केट में टंच के नाम पर बड़े खेल के आरोप, 75 टंच बताकर बेचा गया सोना जांच में महज 15 टंच निकला; छूट और उपहार का लालच देकर ग्राहकों को फोन पर बुलाने की कोशिश
खुटार, शाहजहांपुर। धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदने की तैयारी कर रहे हैं तो जरा संभल जाइए! त्योहार की चमक-दमक और दुकानों की भव्य सजावट देखकर कहीं अपनी गाढ़ी कमाई दांव पर न लगा दें। खुटार की सर्राफा मार्केट में सोने-चांदी की शुद्धता और टंच को लेकर पहले सामने आ चुके गंभीर आरोप ग्राहकों को सतर्क करने के लिए काफी हैं। आरोप हैं कि अधिक टंच का दावा कर ग्राहकों को कम शुद्धता वाले आभूषण थमाए गए और कीमत पूरी शुद्धता के हिसाब से वसूली गई।
धनतेरस पर ग्राहकों को अपनी दुकानों तक खींचने के लिए कुछ सर्राफा कारोबारी फोन के जरिए भारी छूट और आकर्षक उपहारों का लालच दे रहे हैं। विशेष ऑफर, छूट और उपहारों का भरोसा दिलाकर खरीदारी के लिए आमंत्रित किया जा रहा है। लेकिन सवाल यह है कि इन लुभावने ऑफरों के बीच आभूषणों की शुद्धता की गारंटी कौन लेगा? कहीं छूट और उपहार के नाम पर ग्राहकों को कम टंच का सोना देकर अधिक कीमत तो नहीं वसूली जा रही है? आखिर चमक-दमक और आकर्षक ऑफरों के पीछे छिपे कारोबार की असलियत कौन जांचेगा?
75 टंच बताया, जांच में महज 15 टंच निकला सोना
खुटार थाने में कुछ समय पहले पहुंचा एक मामला सर्राफा कारोबार की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर चुका है। क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने पुलिस को दी तहरीर में बताया था कि वह वर्षों से खुटार के एक सर्राफा कारोबारी से सोने-चांदी के आभूषण खरीदकर गांव-गांव फेरी लगाकर बेचता है। आरोप के मुताबिक, वर्ष 2020 में उसने संबंधित व्यापारी से 75 टंच सोने और 52 टंच चांदी के आभूषण खरीदे थे।
बाद में ग्राहकों की शिकायत मिलने पर आभूषणों की जांच कराई गई तो कथित तौर पर चौंकाने वाला खुलासा हुआ। तहरीर के अनुसार, 75 टंच बताया गया सोना जांच में महज 15 टंच का निकला, जबकि 52 टंच बताई गई चांदी 35 टंच की पाई गई। इसके बाद पीड़ित ने थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराते हुए कार्रवाई की मांग की थी।
दूसरे कारोबारी का विवाद भी पहुंचा था थाने
इसी तरह कुछ समय बाद नगर के एक अन्य चर्चित आभूषण विक्रेता से जुड़ा विवाद भी थाने पहुंचा था। हालांकि बाद में ग्राहक और व्यापारी के बीच समझौता हो गया। दो अलग-अलग मामलों में सर्राफा कारोबार पर सवाल उठने के बावजूद त्योहार के मौके पर छूट और उपहार के जरिए ग्राहकों को लुभाने की कोशिशें चर्चा में हैं। ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि ग्राहकों को आकर्षक ऑफर देने वाले कारोबारी आभूषणों की वास्तविक शुद्धता की जिम्मेदारी भी लेंगे या नहीं?
ग्राहक की गाढ़ी कमाई से खिलवाड़ न हो
धनतेरस पर आभूषण खरीदना कई परिवारों की परंपरा और वर्षों की बचत से जुड़ा होता है। ऐसे में टंच के नाम पर कथित हेराफेरी और छूट-उपहार के लालच से ग्राहकों को सावधान रहने की जरूरत है। खरीदारी से पहले सोने पर हॉलमार्क और छह अंकों वाले एचयूआईडी की जांच जरूर करें। आभूषण का वजन, शुद्धता और मेकिंग चार्ज स्पष्ट रूप से पूछें तथा पक्का बिल अवश्य लें। दुकानदार के मौखिक दावों पर आंख बंद करके भरोसा करने के बजाय जरूरत पड़ने पर अधिकृत केंद्र से शुद्धता की जांच कराएं।
त्योहार की चमक-दमक, भारी छूट और मुफ्त उपहार के लालच में कहीं आपकी वर्षों की मेहनत की कमाई कम शुद्धता वाले आभूषणों की भेंट न चढ़ जाए।




