Sonbhadra News : टीईटी अनिवार्यता के विरोध में सड़कों पर उतरे शिक्षक, मशाल जुलूस निकाल दी सरकार को चेतावनी
टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों का आंदोलन अब उग्र रूप लेता नजर आ रहा है। वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों पर नई शर्तें थोपे जाने के विरोध में आज शाम सैकड़ों की संख्या में शिक्षक सड़कों पर उतर आए....

TET की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग को लेकर मशाल जुलूस निकालते शिक्षकगण....
sonbhadra
7:46 PM, April 13, 2026
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों का आंदोलन अब उग्र रूप लेता नजर आ रहा है। वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों पर नई शर्तें थोपे जाने के विरोध में आज शाम सैकड़ों की संख्या में शिक्षक सड़कों पर उतर आए। अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ के बैनर तले टीईटी अनिवार्यता के विरोध में दूसरे चरण का आंदोलन तेज करते हुए शिक्षकों ने नेहरू पार्क से बढ़ौली चौराहे तक मशाल जुलूस निकालकर जोरदार प्रदर्शन किया। सरकार के खिलाफ नाराजगी जाहिर करते हुए शिक्षकों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
इस दौरान जिला संयोजक एवं उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश संगठन मंत्री योगेश कुमार पाण्डेय ने कहा कि "वर्ष 2001 से नियुक्त शिक्षकों पर टीईटी की अनिवार्यता थोपना पूरी तरह अन्यायपूर्ण है। उन्होंने कहा कि 2011 में लागू नियम को पूर्व प्रभाव से लागू करना न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। सरकार को आरटीई एक्ट में संशोधन कर पुराने शिक्षकों को टीईटी से मुक्त करना चाहिए, अन्यथा आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।"
जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष जनार्दन त्रिपाठी ने कहा कि "यह निर्णय शिक्षकों के सम्मान के साथ खिलवाड़ है। वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों को दोबारा परीक्षा देने के लिए मजबूर करना अनुचित है।"
वहीं अटेवा पेंशन बचाओ मंच के जिलाध्यक्ष राजकुमार मौर्य ने कहा कि "जो शिक्षक दो दशक से अपनी योग्यता के बल पर सेवा दे रहे हैं, उन्हें पुनः परीक्षा देना अपमानजनक है।"
महिला शिक्षक संघ की जिलाध्यक्ष कौसर जहां सिद्दीकी ने कहा कि "टीईटी के विरोध में महिला शिक्षक भी पूरी मजबूती के साथ आंदोलन में शामिल हैं और जब तक यह आदेश वापस नहीं लिया जाएगा, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।"
इस दौरान जय प्रकाश राय, हुकुम चंद्र, सर्वेश गुप्ता, भोलानाथ अग्रहरि, रंजना सिंह, रविंद्र बहादुर सिंह, अभिषेक मिश्रा, संजय मिश्र, राघवेंद्र त्रिपाठी, अभिषेक यादव, चंद्रजीत, मनीष शर्मा, राजेश जायसवाल, अरविंद चौहान, राम नगीना मिश्र, पंकज पाण्डेय, तरुण चौबे, सुशील कुमार यादव, नवीन गुप्ता, अमित चौबे, सूर्य प्रकाश, अमित पांडेय, राजेश द्विवेदी सहित हजारों शिक्षक मौजूद रहे।



