Sonbhadra News : लंबित मांगों को लेकर शिक्षामित्रों ने भरी हुंकार, चार सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम बीएसए को सौंपा ज्ञापन
वर्षों से लंबित विभिन्न मांगों के समाधान की बाट जोह रहे शिक्षामित्रों ने शुक्रवार को एक बार फिर अपनी आवाज बुलंद की।

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6:21 PM, September 11, 2026
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । वर्षों से लंबित विभिन्न मांगों के समाधान की बाट जोह रहे शिक्षामित्रों ने शुक्रवार को एक बार फिर अपनी आवाज बुलंद की। आदर्श समायोजित शिक्षक/शिक्षामित्र वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले सैकड़ों शिक्षामित्र जिलाध्यक्ष वकील अहमद खान के नेतृत्व में बीएसए कार्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित चार सूत्रीय ज्ञापन जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकुल आनंद पाण्डेय को सौंपकर लंबित समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।
इस दौरान जिलाध्यक्ष वकील अहमद खान ने कहा कि प्रदेश के प्राथमिक विद्यालयों में करीब 1.47 लाख शिक्षामित्र लंबे समय से अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन उनकी कई महत्वपूर्ण मांगें अब भी लंबित हैं। संगठन ने वर्तमान में मानदेय बढ़ाकर 18 हजार रुपये प्रतिमाह किए जाने तथा कैशलेस चिकित्सा सुविधा मिलने पर सरकार का आभार जताया, लेकिन कहा कि अभी भी शिक्षामित्रों के हित में कई अहम फैसलों की दरकार है।
समायोजन के लिए विशेष टीईटी की मांग -
संगठन ने सबसे प्रमुख मांग शिक्षामित्रों को शिक्षक पद पर समायोजन का अवसर देने की उठाई। इसके लिए शिक्षामित्रों को विशेष टीईटी प्रक्रिया में शामिल करने की मांग की गई, ताकि लंबे समय से विद्यालयों में सेवाएं दे रहे शिक्षामित्रों को शिक्षक पद पर आगे बढ़ने का अवसर मिल सके।
इसके साथ ही जिले में लंबित अंतरजनपदीय एवं जनपदीय स्थानांतरण प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने की मांग भी जोर-शोर से उठाई गई। संगठन का कहना है कि स्थानांतरण प्रक्रिया लंबित होने से अनेक शिक्षामित्रों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
टीईटी उत्तीर्ण शिक्षामित्रों के नियमितीकरण की मांग -
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रदेश उपाध्यक्ष अफजल अहमद ने कहा कि टीईटी उत्तीर्ण शिक्षामित्रों को उत्तराखंड मॉडल की तर्ज पर नियमितीकरण का लाभ देने की मांग भी शामिल रही। संगठन ने कहा कि वर्षों की सेवा और शैक्षणिक योग्यता को ध्यान में रखते हुए शिक्षामित्रों के भविष्य को लेकर सरकार को ठोस एवं सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए।
वहीं महिला शिक्षामित्रों के लिए भी बड़ी मांग उठाते हुए उन्हें महिला अध्यापकों की तर्ज पर चाइल्ड केयर लीव का लाभ दिए जाने की मांग की गई। संगठन ने इसे महिला शिक्षामित्रों के लिए आवश्यक सुविधा बताते हुए सरकार से इस पर जल्द निर्णय लेने की अपील की।
बड़ी संख्या में पदाधिकारी और शिक्षामित्र रहे मौजूद -
कार्यक्रम का संचालन जिला मंत्री अनुज कुमार सिंह ने किया। इस दौरान जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामचन्द्र, जिला महामंत्री सुरेंद्र कुमार त्रिपाठी, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष सुषमा झा, सुनीता पाण्डेय, प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष रविन्द्र नाथ चौधरी, दुर्गा शंकर मिश्रा, नीलम सिंह, सुशीला, ओमप्रकाश पाण्डेय, कमला प्रसाद, दिवाकर कनौजिया, रविन्द्र नारायण पाण्डेय, उमाशंकर विश्वकर्मा, रामरक्षा, भोलानाथ जायसवाल, सुमन चतुर्वेदी सहित बड़ी संख्या में संगठन पदाधिकारी एवं शिक्षामित्र मौजूद रहे।




