Sonbhadra News : साहेब हमहूं जिंदा हई... पेंशन मत द लेकिन जिंदा कर द
बभनी के नधिरा गाँव निवासी दूधनाथ सरकारी दस्तावेज के मुताबिक मृत चल रहा है । जानकारी के बाद अब दूधनाथ खुद को जीवित साबित करने के लिए विकास खंड कार्यालय का चक्कर काट रहा है ।

जिंदा दूधनाथ को सरकारी दस्तावेज में दिखाया गया मृत
sonbhadra
7:46 PM, November 5, 2024
राजेश कुमार (संवाददाता)
■ जीवित को मृत दिखा कर पेंशन किया बन्द
बभनी (सोनभद्र) । म्योरपुर ब्लाक के शक्तिनगर क्षेत्र में एक बृद्ध के जिंदा होने जस्य वावजूद मृत दिखाकर उसकी सारी सरकारी सुविधाएं बन्द कर दी गयी थी । पीड़ित द्वारा जब इस बाबत शिकायत किया गया तो जांच में बृद्ध जिंदा पाया गया । लेकिन सरकारी सिस्टम से बन्द की गई पेंशन व अन्य सरकारी सुविधाएं आज तक शुरू नहीं हो सकी है ।
अभी शक्ति नगर का मामला सुलझा भी नहीं कि म्योरपुर ब्लाक का ही एक और जिंदा-मृत खेल का मामला सामने आ गया है । इस मामले में बभनी के नधिरा गाँव निवासी दूधनाथ सरकारी दस्तावेज के मुताबिक मृत चल रहा है । जानकारी के बाद अब दूधनाथ खुद को जीवित साबित करने के लिए विकास खंड कार्यालय का चक्कर काट रहा है ।
कोविड के दौरान सरकार ने लोगों की जिंदगी बचाने के लिए घर बैठे वर्क टू होम की सेवा शुरू की थी । कोविड खत्म होने के बाद सरकारी कार्यप्रणाली पूर्व की तरह कर दी गयी थी लेकिन आज भी कई कर्मचारी वर्क टू होम की तर्ज पर काम कर रहे हैं । उसी के नतीजा है कि म्योरपुर ब्लाक में एक और जिंदा-मृत का मामला सामने आया है । म्योरपुर विकास खण्ड के नधिरा गांव में रहने वाले 65 वर्षीय दूधनाथ पुत्र स्व0 बालक स्वंय को जीवित करने के लिए एक माह से चक्कर लगा रहे हैं। सरकारी दस्तावेज में मृत दिखा दिए जाने के कारण दूधनाथ को समाज कल्याण विभाग द्वारा मिलने वाला पेंशन बन्द हो गया। जिसके बाद से 65 वर्षीय की अवस्था में अब दूधनाथ को खुद को जीवित साबित करने के लिए ब्लाक के अधिकारियों का चक्कर काटना पड़ रहा है ।दूधनाथ ने कहा साहब मैं अभी जिंदा हूँ । उसने कहा कि साहेब अगर पेंशन बोझ बन गयी है तो मत दीजिये लेकिन इस गरीब को जिंदा कर दीजिये । दूधनाथ ने बताया कि 65 वर्ष की उम्र में खेती किसानी का काम कर जीवकोपार्जन करता है । सरकार से मिल रहे पेंशन से नमक तेल का खर्च निकल जाता था। लेकिन वह भी बन्द हो गया।
इस बावत ग्राम पंचायत विकास अधिकारी योगेन्द्र बहादुर सिंह ने बताया कि गड़बड़ी कहा से हुआ पता नहीं लेकिन सुधार के लिए प्रक्रिया चल रहा है।




