Sonbhadra News : संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाने से पहले ठोस प्रमाण प्रस्तुत करे विपक्ष- रूबी प्रसाद
उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रकार के राजनीतिक बयानों के माध्यम से जनता का ध्यान जमीनी मुद्दों और राजनीतिक विषयों से भटकाने का प्रयास किया जा रहा है।

sonbhadra
3:30 PM, September 28, 2026
शांतनु कुमार/प्रकाश खत्री
० भाजपा ने आयोजित प्रेसवार्ता में कांग्रेस पर साधा निशाना
सोनभद्र। भाजपा जिला कार्यालय सोनभद्र पर आयोजित प्रेसवार्ता में नगर पालिका अध्यक्ष रूबी प्रसाद ने कांग्रेस एवं विपक्ष द्वारा संवैधानिक संस्थाओं की कार्यप्रणाली को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक एवं संवैधानिक विषयों को राजनीतिक रंग देकर लोकतांत्रिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर प्रश्नचिह्न लगाना उचित नहीं है। किसी भी संस्था की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने से पहले तथ्यों, प्रमाणों और आधिकारिक दस्तावेजों के आधार पर चर्चा होनी चाहिए।
रूबी प्रसाद ने कहा कि चुनावों में अपेक्षित परिणाम नहीं मिलने के बाद कांग्रेस और विपक्ष की ओर से निर्वाचन आयोग सहित अन्य लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रकार के राजनीतिक बयानों के माध्यम से जनता का ध्यान जमीनी मुद्दों और राजनीतिक विषयों से भटकाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मतदाता सूची से जुड़े विषयों पर निर्वाचन आयोग की ओर से जारी स्पष्टीकरण एवं आधिकारिक दस्तावेजों के आधार पर ही चर्चा होनी चाहिए। निर्वाचन आयोग ने हाल ही में स्पष्ट किया है कि SIR से संबंधित उसके आदेशों को सभी तीन निर्वाचन आयुक्तों की स्वीकृति प्राप्त थी तथा SIR के दौरान फॉर्म-6 के साथ लगाए गए घोषणा-पत्र को लेकर भी आयोग ने अपना पक्ष रखा है।
वहीं सदर विधायक भूपेश चौबे ने कहा कि कांग्रेस के बड़े नेताओं को यह एहसास हो गया है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में जनता का विश्वास पुनः हासिल करना उनके लिए चुनौतीपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी कारण संवैधानिक संस्थाओं को लेकर भ्रम और आरोपों का वातावरण बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए सभी राजनीतिक दलों को संवैधानिक संस्थाओं की गरिमा और प्रक्रियाओं का सम्मान करना चाहिए।
जबकि भाजपा जिलाध्यक्ष नन्दलाल गुप्ता ने कहा कि मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण से संबंधित प्रक्रिया को लेकर निर्वाचन आयोग और न्यायालय के समक्ष विभिन्न पक्षों पर सुनवाई हुई है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के 27 मई 2026 के फैसले में बिहार में SIR के लिए निर्वाचन आयोग की शक्ति तथा उससे संबंधित प्रक्रियाओं पर विचार किया गया था।
नन्दलाल गुप्ता ने कहा कि विपक्ष को संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाने के बजाय तथ्यों और आधिकारिक अभिलेखों के आधार पर अपनी बात रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में संस्थाओं की निष्पक्षता और विश्वसनीयता बनाए रखना सभी राजनीतिक दलों की सामूहिक जिम्मेदारी है।
इस मौके पर जिला महामंत्री शांतोष शुक्ला जिला उपाध्यक्ष ब्रिजेश श्रीवास्तव, जिला सह मीडिया प्रभारी अमन मौर्या, अन्य भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।




