Sonbhadra news : ओबरा तापीय विद्युत परियोजना में मनाया गया 79वाँ स्वतंत्रता दिवस राष्ट्रप्रेम, उल्लास से
भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

sonbhadra
8:30 PM, August 15, 2025
घनश्याम पांडेय (संवाददाता)
ओबरा (सोनभद्र)। यू0पी0 राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड के अंतर्गत संचालित ओबरा तापीय विद्युत परियोजना में 79वाँ स्वतंत्रता दिवस राष्ट्रप्रेम, उल्लास एवं गरिमा के वातावरण में भव्य रूप से मनाया गया। भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
प्रातः 08ः00 बजे ध्वजारोहण के साथ समारोह का शुभारम्भ हुआ। ओबरा परियोजना के मुख्य महाप्रबन्धक इं0 आर0के0 अग्रवाल ने ध्वजारोहण कर राष्ट्रगान के उपरांत उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों एवं नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात हमारा देश चहुमुखी विकास कर निरन्तर प्रगति की तरफ अग्रसर है। देश की प्रगति एवं विकास के लिए पर्याप्त तथा निरन्तर विद्युत आपूर्ति का होना आवश्यक है। मुख्य महाप्रबंधक महोदय ने आगे कहा कि आज भारत विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और तेजी से तीसरे स्थान की ओर बढ़ रहा है। यह बदलाव सिर्फ आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि देशवासियों के सपनों, मेहनत और संकल्प का परिणाम है। आज का भारत सिर्फ पीछे चलने वाला नहीं, बल्कि दुनिया को दिशा देने वाला बन चुका है। इस साल के स्वतंत्रता दिवस पर केंद्र सरकार ने इसका आधिकारिक थीम घोषित किया है “नया भारत”। यह थीम भारत के विकास के उस दूरदर्शी दृष्टिकोण को दर्शाता है, जिसमें वर्ष 2047 तक एक विकसित, समृद्ध, सुरक्षित और आत्मनिर्भर राष्ट्र का निर्माण हमारा लक्ष्य है जिसे सरकार ‘विकसित भारत’ मिशन कहती है।
उन्होंने भाषण में एक दिलचस्प दृष्टांत देते हुए कहा “कभी लोग कहते हैं कि बिजली तो बस एक बटन दबाने से आ जाती है", लेकिन असल में उस बटन के पीछे ओबरा जैसी परियोजनाओं में हजारों हाथ दिन-रात मेहनत कर रहे होते हैं। सोचिए, अगर बिजली न हो जाए तो टीवी बंद,Wi-Fi गायब और बच्चे किताबें खोल लें-यह तो क्रांति हो जाएगी! इसलिए बिजली का महत्व समझना और उसका सही उपयोग करना जरूरी है। ओबरा सिर्फ बिजली नहीं देता, बल्कि उम्मीदें रोशन करता है। जैसे एक पॉवर प्लांट सिर्फ एनर्जी का स्रोत नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण छोड़ने का संकल्प भी है।
मुख्य महाप्रबन्धक ने बताया कि ओबरा ‘ब’ परियोजना की 200मे0वा0 क्षमता की पाॅंचों इकाईयाॅ काफी पुरानी हो चुकी है फिर भी ये इकाइयाँ आज भी मजबूत और स्थिर प्रदर्शन कर रही हैं, जिससे यह साबित होता है कि हमारी टीम का समर्पण और मेहनत किसी भी चुनौती का सामना कर सकती है, इन पुरानी इकाइयों ने वर्षों से देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जो अनवरत् जारी है।




