Sonbhadra News : जनसुनवाई के दौरान कार्यालय से नदारद मिले 11 अधिकारी, डीएम ने रोका वेतन
जनसुनवाई में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने सख्त एक्शन लिया है। जनसुनवाई के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से निगरानी में 11 जिला स्तरीय अधिकारी अपने कार्यालयों से नदारद......

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जनसुनवाई की समीक्षा करते जिलाधिकारी चर्चित गोंड....
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6:23 PM, July 22, 2026
आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
• चेतावनी के एक दिन बाद ही डीएम की बड़ी कार्यवाही से प्रशासनिक अमले में हड़कंप
सोनभद्र । जनसुनवाई में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने सख्त एक्शन लिया है। जनसुनवाई के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से निगरानी में 11 जिला स्तरीय अधिकारी अपने कार्यालयों से नदारद मिले, जिसके बाद जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से सभी का वेतन अवरुद्ध करने के आदेश जारी कर दिए साथ ही दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण तलब भी तलब किया है। डीएम ने चेताते हुए कहा कि जनसुनवाई में लापरवाही अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बताते चलें कि एक दिन पहले ही जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा था कि प्रतिदिन सुबह 10 बजे से 12 बजे तक कार्यालय में मौजूद रहकर जनसुनवाई करना अनिवार्य है। इसके बावजूद अगले ही दिन कई वरिष्ठ अधिकारी अनुपस्थित मिले, जिस पर डीएम ने बिना देर किए कार्यवाही कर स्पष्ट कर दिया कि अब लापरवाही बर्दास्त नहीं की जाएगी।
आज जनसुनवाई के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से उपस्थिति की समीक्षा में मुख्य चिकित्साधिकारी, ज्येष्ठ खान अधिकारी, सहायक निदेशक मत्स्य, सहायक महानिरीक्षक निबंधन, सहायक निदेशक रेशम, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी तथा अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग अनुपस्थित पाए गए। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों का वेतन तत्काल प्रभाव से अवरुद्ध करने के साथ दो दिवस के भीतर जवाब तलब किया है। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और आम नागरिकों की शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की शिथिलता या अनुशासनहीनता स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने सभी जिला, तहसील एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे प्रतिदिन सुबह 10 बजे से 12 बजे तक अनिवार्य रूप से अपने कार्यालय में उपस्थित रहकर जनसुनवाई करें तथा अधीनस्थ अधिकारियों की उपस्थिति भी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी जनसुनवाई से अनुपस्थित रहने या लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कठोर प्रशासनिक कार्यवाही की जाएगी।




