आज़ादी के बाद पश्चिम बंगाल में हुआ सबसे ज्यादा मतदान- मुख्य चुनाव आयुक्त
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान ने इस बार राजनीतिक विश्लेषकों और दलों को चौंका दिया है। मतदान प्रतिशत ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए।

delhi
10:39 PM, April 23, 2026
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान ने इस बार राजनीतिक विश्लेषकों और दलों को चौंका दिया है। मतदान प्रतिशत ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए। चुनाव आयोग के अनुसार, शाम 8 बजे तक लगभग 91.95 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जो अब तक का सबसे अधिक माना जा रहा है।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने इसे आज़ादी के बाद पश्चिम बंगाल में हुआ सबसे ज्यादा मतदान बताया।
वहीं, तमिलनाडु में सभी 234 सीटों पर एक ही चरण में मतदान हुआ, जहां कुल 84.35 प्रतिशत वोट पड़े।
1478 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में बंद
पश्चिम बंगाल के 16 जिलों की 152 विधानसभा सीटों पर कुल 1478 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला हुआ। इन सीटों पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच सीधा और कड़ा मुकाबला देखने को मिला।
सुबह से ही मतदान केंद्रों पर खासकर महिलाओं की लंबी कतारें देखी गईं। हालांकि, कुछ क्षेत्रों से तनाव की खबरें भी सामने आईं। मुर्शिदाबाद में टीएमसी कार्यकर्ताओं और ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट पार्टी के समर्थकों के बीच झड़प की सूचना मिली। इसके अलावा सिलीगुड़ी और कुमारगंज में भी टीएमसी और भाजपा समर्थकों के बीच मामूली विवाद हुए।
तमिलनाडु में भी दिखा उत्साह
तमिलनाडु में मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन और विपक्ष के नेता एदप्पादी के. पलानीस्वामी सहित कई प्रमुख नेताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया।
चेन्नई और तिरुपुर जैसे जिलों में शुरुआती आंकड़ों के अनुसार 82 प्रतिशत से अधिक मतदान दर्ज किया गया। इन चुनावों में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही, जो सरकारी योजनाओं, विकास और स्थानीय मुद्दों से प्रभावित नजर आईं।



