स्वास्थ्य विभाग की बैठक में बिफरे जिलाधिकारी, कहा- प्रशासन व सरकार की छवि धूमिल करने कर्मियों की करें छुट्टी

आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)

सोनभद्र । आज जिलाधिकारी एस0 राजलिंगम ने कोविड-19 अस्पताल परिसर में समीक्षा बैठक के दौरान बार-बार दिशा-निर्देश देने के बाद कार्यों में सुधार न होने व राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के उद्देश्यों के विपरीत कार्य करने से उत्पन्न जिला प्रशासन व सरकार की छवि धूमिल करने की स्थितियों में जिला परियोजना प्रबन्धक (एनआरएचएम) व स्वास्थ्य विभाग के जिला लेखा प्रबन्धक को जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में प्रस्ताव के माध्यम से हटवाते हुए किसी योग्य व सरकार की मंशा के अनुरूप काम करने वाले कार्मिकों की व्यवस्था कराने का निर्देश सीएमओ डॉ0 एस0के0 उपाध्याय को दिया।

जिलाधिकारी ने बताया कि “राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन/एनआरएचएम का मूल उद्देश्य मॉ व बच्चें के मृत्यु दर को घटाना है। जिले स्तर पर स्थापित मदर एण्ड चाइल्ड हास्पिटल जो स्वास्थ्य विभाग के देख-रेख में संचालित है, गर्भवती महिलाओं को जरूरत के मुताबिक आपरेशन आदि की सुविधा न देना, जिला परियोजना प्रबन्धक, राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के लापरवाही का सबूत है। समय से भुगतान न होना व जिला स्वास्थ्य समिति में समस्याओं को प्रस्तुत न करना दायित्वों के प्रति जानबूझकर लापरवाही है, लिहाजा जिला परियोजना प्रबन्धक एनआरएचएम व स्वास्थ्य विभाग के जिला लेखा प्रबन्धक की सेवाएं बेहद खराब व जनहित के विरूद्ध पाये जाने की स्थिति में इन दोनों लापरवाहों को पद से हटाया जाना ही उचित है, लिहाजा मुख्य चिकित्साधिकारी आगामी जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में प्रस्ताव पारित करके जिला परियोजना प्रबन्धक एनआरएचएम व जिला लेखा प्रबन्धक को हटाने की व्यवस्था की जाय, ताकि इन लापरवाह दोनों कार्मिकों की वजह से जिला प्रशासन व सरकार के मंशा के विपरीत कार्य करने से हो रही किरकिरी से बचा जा सके।”

समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी एस0 राजलिंगम व मुख्य विकास अधिकारी डॉ0 अमित पाल शर्मा, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ0 एस0के0 उपाध्याय, डॉ0 पी0के0 सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी विशाल सिंह सहित अन्य सम्बन्धितगण मौजूद रहे।

अपने शहर के एप को डाउनलोड करने के लिए क्लिक करे |  हमें फेसबुक,  ट्विटर,  और यूट्यूब पर फॉलो करें|
loading...
Back to top button
error: Content is protected !!