रामजन्मभूमि न्यास के महंत ने मुस्लिम पक्ष के वकील पर निशाना, कहा- राजीव धवन ने कोर्ट का अपमान किया है, उनपर कड़ा एक्शन होना चाहिए

सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या के रामजन्मभूमि-बाबरी मस्जिद मामले की सुनवाई खत्म हो गई है। 40 दिन चली इस मामले की सुनवाई का बुधवार को अंतिम दिन था । सुनवाई खत्म होने के बाद अब बयान आने शुरू हो गए हैं। रामजन्मभूमि न्यास के महंत रामविलास वेदांती ने मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन पर निशाना साधा है। रामविलास वेदांती ने कहा कि राजीव धवन ने कोर्ट का अपमान किया है, उनपर कड़ा एक्शन होना चाहिए ।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को बहस के दौरान मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन ने हिंदू पक्षकारों की ओर से पेश किया गया एक नक्शा फाड़ दिया था, इसी पर अब रामविलास वेदांती ने बयान दिया है ।

वेदांती ने कहा कि राजीव धवन ने कोर्ट, संविधान और जजों का अपमान किया है । उन्होंने जो भी किया वह भारत के कल्चर के खिलाफ है । उन्होंने कहा कि मैंने पुलिस स्टेशन को इस बारे में बताया है और वह इस मामले में FIR भी दर्ज करा सकते हैं ।

इतना ही नहीं रामजन्मभूमि न्यास के महंत रामविलास वेदांती ने राजीव धवन पर बड़ा आरोप लगाया और कहा कि जो राहुल गांधी ने संसद में किया था, वही उन्होंने कोर्ट में किया. उन्होंने कहा कि इस मामले पर फैसला हमारे पक्ष में ही आएगा । बाबर को लेकर रामविलास वेदांती ने कहा कि बाबर भारत को लूटने आया था, जो बाबर ने किया वही आज कांग्रेस पार्टी कर रही है. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि 85 फीसदी से अधिक मुस्लिम चाहते हैं कि अयोध्या में राम मंदिर बन जाए ।

क्यों फाड़ा था राजीव धवन ने नक्शा?

गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को जब हिंदू महासभा के वकील ने किताब और एक नक्शा पेश किया, तो राजीव धवन भड़क गए थे । आउन्होंने तब उस नक्शे को फाड़ दिया और पांच टुकड़े कर दिए। हालांकि, बाद में जब इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में चर्चा हुई तो राजीव धवन ने कहा कि उन्होंने नक्शा चीफ जस्टिस के कहने पर फाड़ा था ।

दरअसल, जब हिंदू महासभा के वकील उस पर्चे को दिखा रहे थे तब राजीव धवन ने वह नक्शा छीन लिया और कहा कि वह इसपर जवाब नहीं देंगे । इसपर चीफ जस्टिस ने उनसे कहा कि आप चाहे तो इसे फाड़ दें, तभी राजीव धवन ने नक्शे को फाड़ दिया ।


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