यहाँ तो जगह-जगह लगते हैं पॉलीथिन के ढेर

15 जुलाई 2019

आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)

सोनभद्र । पॉलीथिन प्रतिबंध को लेकर जो अध्यादेश जारी किया गया है। उसमें न केवल पॉलीथिन के निर्माण, भंडारण, बिक्री, प्रयोग आदि पर बैन लगाया गया है बल्कि पॉलीथिन को सार्वजनिक स्थानों पर फेंकने वाले व्यक्तियों, संस्था, कार्यालयों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों आदि पर भी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है। वहीं जनपद मुख्यालय के शहर रॉबर्ट्सगंज की स्थिति देखी जाए तो तमाम मैरिज होम, ढाबा, सरकारी व निजी कार्यालय सहित तमाम व्यवसायिक प्रतिष्ठान और नगर पालिका के कर्मचारी तक इस प्रावधान की धज्जियां उड़ा रहे हैं। तमाम सार्वजनिक स्थलों पर हर दिन बड़ी मात्रा में पॉलीथिन का कचरा फेंका जाता है लेकिन नगर पालिका कर्मचारी इस पर ठोस कदम उठाते नहीं दिख रहे। पॉलीथिन प्रतिबंध को लेकर जो संशोधित अध्यादेश जारी किया गया है उसमें पॉलीथिन का उपयोग, निर्माण, वितरण, परिवहन, भंडारण, आयात-निर्यात तो प्रतिबंधित और दंडनीय किया ही गया है, इसके अलावा प्लास्टिक अवशेष को फेंके जाने को लेकर भी प्रावधान किए गए हैं। जिसके तहत इसे सड़कों, नालियों तथा सार्वजनिक स्थलों आदि पर फेंकने को प्रतिबंधित किया गया है।

पूरे नगर में मिल रहे प्लास्टिक अवशेषों पर नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी प्रदीप गिरी ने बताया कि नगर में पॉलीथिन का प्रयोग पूरी तरह से बैन है। नगर पालिका प्रशासन लगातार प्रतिबंधित पॉलीथिन पर कार्यवाही कर रहा है और इसी क्रम में अब तक 22 कुन्तल प्रतिबंधित पॉलीथिन तथा 3 लाख रुपये शमन शुल्क वसुला गया है। लेकिन इसके बावजूद भी जिस भी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, मैरिज हॉल तथा ढाबों आदि के बाहर पॉलीथिन का ढेर मिलता है तो इसकी जाँच करा कर संबंधित प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी की जाएगी।


अपने शहर के एप को डाउनलोड करने के लिए क्लिक करे |  हमें फेसबुक,  ट्विटर,  और यूट्यूब पर फॉलो करें|
loading...
error: Content is protected !!